गुरुवार, 18 फ़रवरी 2027 का आसमान
गुरुवार, 18 फ़रवरी 2027 को चंद्रमा बढ़ता उभरा चाँद है, 92% रोशन, कर्क (सायन) और मिथुन राशि (निरयण) में। सूर्य कुंभ में है।
सूर्योदय पर पंचांग (भारत)
| तिथि | शुक्ल द्वादशी तक: 18 फ़र॰, 2:27 pm IST |
| पक्ष | शुक्ल (बढ़ता) |
| नक्षत्र | पुनर्वसु, पद 2 (स्वामी बृहस्पति) तक: 18 फ़र॰, 9:04 pm IST |
| चंद्र राशि | मिथुन |
| सूर्य राशि | कुंभ |
लाहिरी अयनांश। समय IST में सटीक खगोलीय संक्रमण हैं। छपे पंचांग स्थानीय सूर्योदय से तिथि और नक्षत्र गिनते हैं, इसलिए कुछ मिनट का, और सीमा के पास एक दिन का अंतर हो सकता है।
आज रात का चंद्रमा
लगभग पूरा, हर रात और चमकीला। जो है उसे निखारिए, नए सिरे से शुरू मत कीजिए।
चंद्रमा कर्क में अपने घर है। किसी ऐसे को फ़ोन कीजिए जो आपको बचपन से जानता हो।
अगली पूर्णिमा: 21 फ़र॰, 4:51 am IST. अगली अमावस्या: 8 मार्च, 3:02 pm IST.
ग्रह कहाँ हैं
| ग्रह | राशि (सायन) | कहाँ देखें |
|---|---|---|
| बुध | कुंभ 29° ℞ वक्री | सूरज की चमक में छिपा |
| शुक्र | मकर 17° | सुबह का आसमान, पूर्व |
| मंगल | कन्या 1° ℞ वक्री | रात भर ऊपर |
| बृहस्पति | सिंह 21° ℞ वक्री | रात भर ऊपर |
| शनि | मेष 12° | शाम का आसमान, पश्चिम |
आज वक्री: बुध, मंगल, बृहस्पति. सभी वक्री तिथियाँ.
सवाल
- 18 फ़र॰ 2027 को चंद्र कला क्या है?
- बढ़ता उभरा चाँद, 92% रोशन, चंद्रमा कर्क (सायन) / मिथुन (निरयण) में।
- 18 फ़र॰ 2027 को कौन सी तिथि है?
- भारत में सूर्योदय पर शुक्ल द्वादशी, 18 फ़र॰, 2:27 pm IST तक।
- 18 फ़र॰ 2027 को चंद्रमा किस नक्षत्र में है?
- पुनर्वसु (पद 2), स्वामी बृहस्पति, 18 फ़र॰, 9:04 pm IST तक।
- क्या 18 फ़र॰ 2027 को बुध वक्री है?
- हाँ। बुध कुंभ में वक्री है।
इन्हीं स्थितियों से आज रात का आसमान लाइव बनता देखिए, या वो आसमान बनाइए जिसके नीचे आप पैदा हुए। मुफ़्त है और आपके ब्राउज़र में चलता है।
मेरा आसमान बनाइए आज रात का पंचांग